! मेरी अभिव्यक्ति !

तू अगर चाहे झुकेगा आसमां भी सामने, दुनिया तेरे आगे झुककर सलाम करेगी . जो आज न पहचान सके तेरी काबिलियत कल उनकी पीढियां तक इस्तेकबाल करेंगी .

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मोदी अमेरिका वाले

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मोदी अमेरिका वाले


अमेरिका विश्व का सबसे शक्तिशाली राष्ट्र है और इसका राष्ट्रपति विश्व का प्रथम व्यक्ति और इसलिए यह विश्व में जहाँ चलता है अपनी शर्तों पर चलता है .जब अमेरिका के तत्कालीन राष्ट्रपति बिल क्लिंटन और वर्त्तमान राष्ट्रपति बराक ओबामा भारत आये तब यह वास्तविकता हमारे सामने आयी कि जब ये किसी देश में जाते हैं तब अपनी ही सुरक्षा में जाते हैं ये अपनी सुरक्षा स्वयं लेकर चलते हैं अन्य देश जिसका आतिथ्य ये स्वीकार करते हैं उसपर यकीन न करते हुए केवल व्यापारिक हित देखते हुए ये उसका निमंत्रण स्वीकार करते हैं .अब ये गुण हम अपने देश के एक कथित धरती पुत्र में भी देख रहे हैं .आज के समाचारों में ये बात काफी प्रचारित की जा रही है कि मेरठ रैली में नरेंद्र मोदी गुजरात पुलिस के घेरे में ही रहेंगे और और ”डी” में रहेंगी सिर्फ गुजरात पुलिस कमांडो और ए.टी.एस.और मंच पर स्पेशल कमांडों की निगहबानी में भाषण देंगे मोदी .ये सब देखकर एक बात तो साफ़ है कि मोदी को पुलिस पर तो यकीन है पर केवल गुजरात की पुलिस पर और किसी जगह की पुलिस पर नहीं और चूँकि वे भाजपा के प्रधानमंत्री पद के उम्मीदवार हैं इसलिए सब राज्यों में जा तो रहे हैं किन्तु केवल वोट की खातिर न कि देश प्रेम की खातिर क्योंकि वे भी एक व्यापारी हैं अमेरिका की तरह वह अपना माल बेचने आता है ये अपने विचारों से जनता का वोट खरीदने आ रहे हैं लेकिन महत्व केवल गुजरात को ही देते हैं और ये यह साबित करने के लिए काफी है कि मोदी और अमेरिका एक ही नीति के अनुसरणकर्ता हैं और वह है पहले अपने शिकार को गधा बनाने की और फिर केवल ज़रुरत के लिए गधे को बाप बनाने की .
शालिनी कौशिक
[कौशल]



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DR. SHIKHA KAUSHIK के द्वारा
January 31, 2014

इस आंधी में धूल है न कमल का फूल है


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